यमन की सेना की लहज प्रांत में लगातार बढ़त, अदन और अल-अनद सैन्य अड्डे के आसपास के इलाक़ों पर क़ब्ज़े का दावा
दक्षिणी यमन के लहज प्रांत में आगे बढ़ते हुए यमन की सेना ने अदन शहर और अल-अनद सैन्य अड्डे पर नज़र रखने वाले ऊँचाई वाले इलाकों पर नियंत्रण हासिल कर लिया है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है, जब सऊदी अरब के समर्थन से लड़ रहे लड़ाकों की रसद आपूर्ति के रास्तों पर दबाव बढ़ गया है। वहीं, अंसारुल्लाह से जुड़े अधिकारियों ने दक्षिणी यमन के सैन्य शिविरों में सऊदी बलों की मौजूदगी को लेकर चेतावनी दी है।
स्थानीय और कबायली सूत्रों के अनुसार, अंसारुल्लाह के बलों ने कल अल-मुक़ातिरा ज़िले के मुख्य केंद्र, इस क्षेत्र के ऐतिहासिक किले और अल-अनद सैन्य अड्डे पर नज़र रखने वाले इलाक़े के साथ-साथ अल-कुरबा के पहाड़ी दर्रे पर भी नियंत्रण हासिल कर लिया।
यह बढ़त एक अचानक की गई सैन्य कार्रवाई के दौरान हासिल की गई। इस अभियान में दरअ अल-वतन बलों के एक शिविर, अल-रबू बाज़ार और इस ज़िले के कई अन्य इलाक़ों पर भी यमन की सेना ने नियंत्रण कर लिया। इन सूत्रों के अनुसार, इन इलाक़ों पर नियंत्रण स्थापित होने से अल-मुदारिबा और रास अल-अरा के मोर्चों से लेकर तौर अल-बाहा तक के बड़े क्षेत्र पर अंसारुल्लाह का लगभग पूर्ण नियंत्रण स्थापित होने की स्थिति बन सकती है।
सैन्य पर्यवेक्षकों का मानना है कि अल-मुक़ातिरा पर क़ब्ज़े से तौर अल-बाहा और कहबूब पर्वत शृंखला के उन इलाकों में रियाद समर्थक बलों पर दबाव और बढ़ेगा, जो अभी भी उनके नियंत्रण में हैं। ये इलाके बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य के तटीय क्षेत्रों पर नज़र रखने की रणनीतिक स्थिति में हैं। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पिछले कुछ हफ्तों के दौरान कहबूब पर्वत शृंखला के लगभग 80 प्रतिशत हिस्से पर अंसारुल्लाह के बलों ने नियंत्रण हासिल कर लिया है।
इसके अलावा, अल-मुदारिबा और रास अल-अरा क्षेत्रों में इन बलों की रसद आपूर्ति के रास्ते सना स्थित बलों की गोलाबारी की ज़द में आ गए हैं। इसी वजह से उनके सैनिकों और सहायक सैन्य उपकरणों का एक बड़ा हिस्सा समुद्री रास्ते से अदन प्रांत से रास अल-अरा स्थानांतरित किया गया है। दक्षिणी यमन के कुछ सैन्य सूत्रों ने इस बढ़त को एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम बताया है। उनके अनुसार, इससे युद्ध के मोर्चों की मौजूदा स्थिति बदल सकती है और अदन तथा लहज के आसपास नए मोर्चे खुल सकते हैं।
इसी बीच, अंसारुल्लाह द्वारा नियुक्त लहज, अबयान, अदन और शबवा प्रांतों के गवर्नरों ने सऊदी अरब से जुड़े सैन्य शिविरों में उसकी मौजूदगी को लेकर चेतावनी जारी की है।उन्होंने कहा कि दक्षिणी प्रांतों में जिन सैन्य शिविरों और संचालन कक्षों में सऊदी अधिकारी या सैनिक तैनात हैं, वे वैध सैन्य लक्ष्य होंगे।
यमन के सशस्त्र बलों के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल याह्या सरीअ ने भी कहा कि उनके बलों के पास यमन में सैनिकों और सैन्य संचालन केंद्रों का नेतृत्व करने वाले सऊदी अधिकारियों के नाम, उनके तैनाती स्थलों और उनकी गतिविधियों के बारे में पूरी जानकारी है। उन्होंने कहा कि इन ठिकानों और अधिकारियों की गतिविधियों पर लगातार नज़र रखी जा रही है और उन्हें निशाना बनाया जाएगा। याह्या सरीअ ने यह भी घोषणा की कि, भविष्य में इन सऊदी अधिकारियों के बारे में और अधिक विवरण सार्वजनिक किए जाएंगे।


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