ईरान ने क़ेश्म द्वीप के ऊपर अमेरिका के 52वें MQ-9 ड्रोन को मार गिराया

ईरान ने क़ेश्म द्वीप के ऊपर अमेरिका के 52वें MQ-9 ड्रोन को मार गिराया

इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) का कहना है कि उसकी वायु रक्षा इकाइयों ने अमेरिका द्वारा संचालित 52वें MQ-9 रीपर ड्रोन को रोककर नष्ट कर दिया है। IRGC के अनुसार, यह ड्रोन उस समय से अब तक नष्ट किए गए 52 MQ-9 ड्रोनों में शामिल है, जब से अमेरिका-इस्राईल की आक्रामक सैन्य कार्रवाई शुरू हुई है।

IRGC के जनसंपर्क कार्यालय ने बताया कि बुधवार को स्थानीय समयानुसार रात 2:29 बजे क़ेश्म द्वीप के ऊपर इस ड्रोन को ईरान की उन्नत वायु रक्षा प्रणाली ने रोककर नष्ट कर दिया। IRGC ने कहा, “तीसरे थोपे गए युद्ध के दौरान देश की वायु रक्षा सेनाओं ने सैकड़ों शत्रुतापूर्ण ड्रोनों को मार गिराया है।” IRGC ने बताया कि इन ड्रोनों में लुकास, हर्मीस, MQ-1 और MQ-9 जैसे ड्रोन शामिल हैं।

IRGC की एयरोस्पेस फोर्स ने मंगलवार को रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज़ जलडमरूमध्य के ऊपर एक MQ-1 प्रीडेटर ड्रोन को भी रोककर नष्ट कर दिया था।

इस ड्रोन को मार गिराए जाने के कुछ घंटे बाद IRGC ने एक अन्य अमेरिकी MQ-1 ड्रोन को भी जलडमरूमध्य के ऊपर रोककर नष्ट करने की घोषणा की। इसके साथ ही ईरान के सशस्त्र बलों के एकीकृत वायु रक्षा नेटवर्क द्वारा मार गिराए गए MQ-1 ड्रोनों की कुल संख्या तीन हो गई है।

IRGC ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य के ऊपर एक और अमेरिकी MQ-9 ड्रोन को मार गिराया

इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) का कहना है कि उसकी वायु रक्षा इकाइयों ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य के ऊपर अमेरिका के एक लंबी दूरी के मानवरहित हवाई वाहन (UAV), MQ-9, को मार गिराया है।

कुछ दिन पहले IRGC ने रणनीतिक होर्मुज़ जलडमरूमध्य के प्रवेश क्षेत्र में अमेरिका के एक सैन्य मानवरहित सतही पोत, यानी ड्रोन नाव, को नष्ट करने की भी घोषणा की थी।IRGC के अनुसार, यह कार्रवाई पिछले गुरुवार को की गई थी। IRGC ने इसे ईरान की क्षेत्रीय अखंडता और महत्वपूर्ण राष्ट्रीय हितों की रक्षा में की गई “सटीक, बुद्धिमत्तापूर्ण और समय पर कार्रवाई” बताया।

इस बीच, अमेरिकी बिजनेस समाचार चैनल ब्लूमबर्ग ने भी रिपोर्ट किया कि फरवरी के अंत में शुरू हुए अमेरिका-इस्राईल युद्ध के बाद से ईरान ने दो दर्जन से अधिक MQ-9 ड्रोनों को नष्ट कर दिया है। ब्लूमबर्ग के अनुसार, यह संख्या आक्रामक कार्रवाई शुरू होने से पहले पेंटागन के पास मौजूद MQ-9 ड्रोनों के लगभग 20 प्रतिशत के बराबर है।

अमेरिकी कांग्रेस के समक्ष दी गई गवाही के अनुसार, अमेरिकी वायु सेना के सक्रिय MQ-9 बेड़े की संख्या घटकर लगभग 135 विमान रह गई है, जो 189 के निर्धारित न्यूनतम स्तर से काफी कम है। ब्लूमबर्ग ने यह जानकारी दी है।

MQ-9 ड्रोन बनाने वाली सैन डिएगो स्थित कंपनी जनरल एटॉमिक्स एयरोनॉटिकल सिस्टम्स ने पुष्टि की है कि खरीद के लिए 10 से भी कम नए एयरफ्रेम अभी उपलब्ध हैं और रीपर ड्रोन की उत्पादन लाइन बंद हो चुकी है। सैन्य विशेषज्ञों का कहना है कि MQ-9 ड्रोनों के बढ़ते नुकसान के कारण अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ अपनी लगातार जारी सैन्य कार्रवाई के लिए पुराने MQ-1 संस्करण का इस्तेमाल शुरू कर दिया है।

popular post

ईरान ने क़ेश्म द्वीप के ऊपर अमेरिका के 52वें MQ-9 ड्रोन को मार गिराया

ईरान ने क़ेश्म द्वीप के ऊपर अमेरिका के 52वें MQ-9 ड्रोन को मार गिराया इस्लामिक

संयुक्त अरब अमीरात ने इस्राईली नागरिकों को वीज़ा देना किया शुरू

कुछ दिनों पहले इस्राईल के साथ अपने संबंधों को सार्वजनिक कर कई समझौते पर हस्ताक्षर

4 दिसंबर भारतीय नौसेना दिवस

4 दिसंबर भारतीय नौसेना दिवस हर देश किसी न किसी तारीख़ को नौसेना दिवस मनाया

कल से शुरू होगी टी-20 सीरीज, जानिए कितने बजे खेला जाएगा मैच

भारतीय टीम फ़िलहाल अपने ऑस्टेलिया के दौरे पर है जहाँ पर अब तक एकदिवसीय सीरीज़

कुछ हफ़्तों में मेड इन इंडिया कोरोना वैक्सीन आने की उम्मीद: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

कोरोना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सुबह एक सर्वदलीय बैठक की. पीएम मोदी ने

महाराष्ट्र में बीजेपी को विधान परिषद चुनाव में लगा तगड़ा झटका, सिर्फ एक सीट पर मिल सकी जीत

महाराष्ट्र में बीजेपी को विधान परिषद चुनाव में तगड़ा झटका लगा है. विधान परिषद की

5वें दौर की बैठक: किसानों का दो टूक जवाब हम सरकार से चर्चा नहीं, बल्कि ठोस जवाब चाहते हैं वो भी लिखित में,

कृषि कानूनों को लेकर पिछले 9 दिनों से धरने पर बैठे किसानों के साथ केंद्र

रूस की नसीहत, वेस्ट बैंक में एकपक्षीय कार्रवाई से बचे इस्राईल

रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोफ़ ने मेडिटरेनीयन डायलॉग्स बैठक को संबोधित करते हुए कहा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *