ईरान ने होर्मुज़ को अमेरिकी क्षेत्र घोषित करने पर ट्रंप को ‘मानसिक रूप से बीमार’ बताया
ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा होर्मुज़ जलडमरूमध्य को अमेरिकी क्षेत्र घोषित किए जाने पर उन्हें मानसिक रूप से बीमार बताते हुए निशाना साधा है। ईरान ने ट्रंप के लिए ‘स्किज़ोफ्रेनिक’ (Schizophrenic), भ्रम और मतिभ्रम जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया और उन्हें मनोचिकित्सक से सलाह लेने की भी नसीहत दी।
ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा होर्मुज़ जलडमरूमध्य को अमेरिकी क्षेत्र का हिस्सा बताए जाने के बाद उन्हें मानसिक रूप से बीमार करार दिया और मनोचिकित्सक से संपर्क करने की सलाह दी। जब ट्रंप ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य को अमेरिकी क्षेत्र घोषित किया, तो ईरान ने इसका कड़ा जवाब देते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को ‘स्किज़ोफ्रेनिक’ बताया। इसके अलावा, तेहरान ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से भी अमेरिका द्वारा लगाए गए कथित अवैध प्रतिबंधों को अस्वीकार करने का आग्रह किया।
ईरानी उप विदेश मंत्री ने ट्रंप पर निशाना साधा
ईरान के उप विदेश मंत्री काज़िम ग़रीबाबादी ने शुक्रवार, 28 अगस्त को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में ये टिप्पणियां कीं। उन्होंने ट्रंप द्वारा साझा की गई एक तस्वीर का हवाला दिया, जिसमें इस रणनीतिक जलमार्ग को अमेरिकी क्षेत्र का हिस्सा दिखाया गया था।
ग़रीबाबादी ने स्किज़ोफ्रेनिया को एक ऐसी मानसिक बीमारी बताया, जिसमें व्यक्ति की सोच में बदलाव और वास्तविकता की विकृत समझ हो सकती है। इसके बाद ट्रंप पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने ‘मतिभ्रम और भ्रम’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया। उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज़ में अमेरिकी राष्ट्रपति का जिक्र करते हुए कहा कि मनोचिकित्सक ऐसे मरीजों की 24 घंटे निगरानी और उपचार की सलाह देते हैं।
ट्रंप ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य को खुला बताया था
अमेरिकी समाचार संस्थान एक्सियोस (Axios) के अनुसार, ट्रंप ने इससे पहले होर्मुज़ जलडमरूमध्य को खुला घोषित किया था और कहा था कि अमेरिकी सैन्य कार्रवाई पर ईरान की प्रतिक्रिया काफी संयमित थी। उन्होंने यह भी कहा कि तेहरान नहीं चाहता कि अमेरिका उस पर दोबारा हमला करे।
ये बयान ऐसे समय में सामने आए हैं, जब ईरान की अर्थव्यवस्था को निशाना बनाने वाले अमेरिकी प्रतिबंधों और इस्लामिक रिपब्लिक ईरान के साथ व्यापार करने वाले देशों पर दबाव को लेकर वॉशिंगटन और तेहरान के बीच तनाव चरम पर है।
ईरान ने अमेरिकी प्रतिबंधों को बताया ‘अवैध’
इसके बाद एक अलग बयान में ईरानी विदेश मंत्रालय ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अमेरिकी प्रतिबंधों को लागू न करने का आग्रह किया। मंत्रालय ने इन प्रतिबंधों को पूरी तरह ‘अवैध और अनुचित’ बताया।
ईरानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि ये कदम संयुक्त राष्ट्र चार्टर, अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून और मानवाधिकारों का उल्लंघन करते हैं। मंत्रालय ने तर्क दिया कि देशों को न तो ऐसे प्रतिबंध लगाने चाहिए और न ही उनके प्रभावों को स्वीकार करना चाहिए।
इसके अलावा, तेहरान ने चेतावनी दी कि अमेरिकी दबाव अभियान में शामिल होने वाले देश संप्रभु राज्यों पर वॉशिंगटन की नीतियां थोपने और वैध आर्थिक एवं व्यापारिक संबंधों में बाधा डालने में मदद करेंगे। ईरान ने अमेरिकी प्रतिबंधों की नीति पर राज्यों के बीच संप्रभु समानता के सिद्धांत को कमजोर करने का भी आरोप लगाया।


popular post
सूडान के आंतरिक संघर्ष में तल अवीव की संदिग्ध भूमिका
खार्तूम: सूडान में जारी आंतरिक संघर्ष के बीच इस्राईल शासन की कथित भूमिका और अर्धसैनिक
संयुक्त अरब अमीरात ने इस्राईली नागरिकों को वीज़ा देना किया शुरू
कुछ दिनों पहले इस्राईल के साथ अपने संबंधों को सार्वजनिक कर कई समझौते पर हस्ताक्षर
4 दिसंबर भारतीय नौसेना दिवस
4 दिसंबर भारतीय नौसेना दिवस हर देश किसी न किसी तारीख़ को नौसेना दिवस मनाया
कल से शुरू होगी टी-20 सीरीज, जानिए कितने बजे खेला जाएगा मैच
भारतीय टीम फ़िलहाल अपने ऑस्टेलिया के दौरे पर है जहाँ पर अब तक एकदिवसीय सीरीज़
कुछ हफ़्तों में मेड इन इंडिया कोरोना वैक्सीन आने की उम्मीद: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
कोरोना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सुबह एक सर्वदलीय बैठक की. पीएम मोदी ने
महाराष्ट्र में बीजेपी को विधान परिषद चुनाव में लगा तगड़ा झटका, सिर्फ एक सीट पर मिल सकी जीत
महाराष्ट्र में बीजेपी को विधान परिषद चुनाव में तगड़ा झटका लगा है. विधान परिषद की
5वें दौर की बैठक: किसानों का दो टूक जवाब हम सरकार से चर्चा नहीं, बल्कि ठोस जवाब चाहते हैं वो भी लिखित में,
कृषि कानूनों को लेकर पिछले 9 दिनों से धरने पर बैठे किसानों के साथ केंद्र
रूस की नसीहत, वेस्ट बैंक में एकपक्षीय कार्रवाई से बचे इस्राईल
रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोफ़ ने मेडिटरेनीयन डायलॉग्स बैठक को संबोधित करते हुए कहा