ट्रंप की ईरान के प्रति तनाव बढ़ाने वाली नीतियों से उनके ही दल के नेताओं में चिंता
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान को लेकर हालिया बयान और तनाव बढ़ाने वाले क़दमों ने उनकी अपनी रिपब्लिकन पार्टी के नेताओं की चिंताएं बढ़ा दी हैं।
अमेरिकी मीडिया की रिपोर्टों के अनुसार, रिपब्लिकन नेताओं को आशंका है कि यदि वार्ता की प्रक्रिया पूरी तरह समाप्त हो गई और ईरान के सा शवथ फिर से सैन्य टकराव शुरू हुआ, तो पेट्रोल और ईंधन की कीमतों में भारी वृद्धि हो सकती है। इसका सीधा राजनीतिक नुक़सान पार्टी को अगले मध्यावधि (मिडटर्म) कांग्रेस चुनावों में उठाना पड़ सकता है।
अमेरिकी कांग्रेस के एक रिपब्लिकन सांसद, जिनका नाम सार्वजनिक नहीं किया गया, ने एमएसएनाउ (MSNow) से कहा कि, ईरान के साथ युद्ध जारी रहने से न केवल तेल की कीमतें बढ़ेंगी, बल्कि इससे “ट्रंप प्रशासन की क्षमता और सुशासन के दावों को भी गंभीर झटका लगेगा।”
उन्होंने सवाल उठाया, “आखिर ट्रंप करना क्या चाहते हैं? हालात इतने ख़राब क्यों होते जा रहे हैं? और क्या इस संकट से निकलने के लिए कोई स्पष्ट रणनीति भी मौजूद है?”
एक अन्य रिपब्लिकन सांसद, जिन्होंने भी अपनी पहचान उजागर न करने की शर्त पर बात की, ने कहा, “यह स्पष्ट है कि हम सभी चाहते हैं कि, यह युद्ध जल्द से जल्द समाप्त हो।”
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि संघर्ष दोबारा तेज होता है, तो इसका रिपब्लिकन पार्टी को गंभीर राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। उनके अनुसार, “कांग्रेस में हमारा बहुमत, विशेष रूप से रिपब्लिकन सदस्यों का, चाहता है कि राष्ट्रपति ट्रंप जल्द से जल्द इस संकट का अंत करें। मौजूदा स्थिति राजनीतिक दृष्टि से पार्टी के लिए नुकसानदेह साबित हो रही है।”

