आईआरजीसी नौसेना ने नियमों के उल्लंघन करने वाले जहाज़ पर चेतावनी के तौर पर गोली चलाई
आईआरजीसी की नौसेना ने कहा कि उसने पहले ही चेतावनी दी थी कि हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में विदेशी देशों का हस्तक्षेप और जहाज़ों को तय मार्ग से हटाकर चलाने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नौसेना के अनुसार, कुछ घंटे पहले विदेशी पक्षों के उकसावे पर कई जहाज़ तय समुद्री मार्ग छोड़कर दूसरे रास्ते से गुजरने लगे। उन्हें बार-बार सही मार्ग पर लौटने की चेतावनी दी गई, लेकिन उन्होंने इन निर्देशों की अनदेखी की।
इसके बाद एक जहाज़, जिसने अपनी पहचान बताने वाली प्रणाली (ट्रैकिंग सिस्टम) बंद कर दी थी और समुद्री सुरक्षा को ख़तरे में डाल दिया था, उसे चेतावनी के तौर पर गोली मारकर रोक दिया गया।
हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य बंद
आईआरजीसी की नौसेना ने घोषणा की है कि विदेशी हस्तक्षेप के कारण पैदा हुई असुरक्षा को देखते हुए हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य को अगले आदेश तक और इस क्षेत्र में अमेरिका के हस्तक्षेप समाप्त होने तक बंद कर दिया गया है। इस दौरान किसी भी जहाज़ को वहां से गुजरने की अनुमति नहीं होगी।
बयान में कहा गया है कि यदि अमेरिका या उसके सहयोगी इस घटना को बहाना बनाकर ईरान के खिलाफ कोई नया हमला करते हैं, तो उन्हें पहले से अधिक कड़ा जवाब दिया जाएगा और क्षेत्र में उनके अन्य सैन्य ठिकानों को भी निशाना बनाया जाएगा।
नौसेना ने यह भी कहा कि इस स्थिति के लिए अमेरिका, इस्राईल और वे देश जिम्मेदार होंगे जिन्होंने अपनी जमीन पर उनके सैन्य अड्डों को जगह दी है।
ब्रिटेन की समुद्री संस्था का बयान
ब्रिटेन की समुद्री व्यापार निगरानी संस्था ने कहा है कि फ़ारस की खाड़ी में जिस जहाज़ को निशाना बनाया गया, उसके चालक दल ने अपनी जान बचाने के लिए जहाज़ छोड़ दिया है। फिलहाल सभी लोग लाइफबोट (बचाव नौका) में सुरक्षित हैं।

