तेहरान पहुँचकर हमने दुश्मन की नाकेबंदी को तोड़ दिया: अंसारुल्लाह
यमन के अंसारुल्लाह आंदोलन के राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य ज़ैफ़ुल्लाह अल-शामी ने कहा कि हम एक विशेष विमान के माध्यम से तेहरान पहुँचे। यह उड़ान एक मानवीय अभियान का हिस्सा थी, जिसके तहत राजनीतिक और सामाजिक प्रतिनिधिमंडल के साथ-साथ उन बीमारों और घायलों को भी स्वदेश वापस लाया गया, जो विदेशों में इलाज करा रहे थे।
उन्होंने कहा कि, इस समारोह में यमन की बड़ी संख्या में धार्मिक, राजनीतिक और सामाजिक हस्तियों की उपस्थिति इस बात का प्रमाण है कि यमन पर नाकेबंदी और अलगाव थोपने के लिए दुश्मन (सऊदी अरब और अमेरिका) के प्रयास विफल हो गए हैं।
अल-शामी ने कहा कि, यह यात्रा नियमित उड़ानों को जारी रखने और नाकेबंदी को तोड़ने की दिशा में एक नई शुरुआत है। यदि हमारे वैध अधिकार कूटनीति और वार्ता के माध्यम से वापस नहीं मिलते, तो शक्ति और हथियार का प्रयोग हमारा अंतिम विकल्प होगा।
यमन की नाकेबंदी समाप्त कराने के लिए हर संभव राजनयिक प्रयास करेगा ईरान
ईरान के विदेश मंत्री ने यमन के उपप्रधानमंत्री से मुलाकात के दौरान कहा कि ईरान, यमन की नाकेबंदी समाप्त कराने और शांति-रोडमैप को पूर्ण रूप से लागू कराने के लिए अपनी सभी राजनयिक क्षमताओं का उपयोग करने के लिए तैयार है।
इस मुलाकात में यमन के उपप्रधानमंत्री लेफ़्टिनेंट जनरल जलाल अल-रुवैशान ने ईरान की इस्लामी क्रांति के शहीद नेता के निधन पर सर्वोच्च नेता, ईरानी सरकार और जनता के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने अमेरिका और इस्राईल के हमलों के सामने ईरान की दृढ़ता को “ऐतिहासिक और बड़ी विजय” बताते हुए ईरान की कूटनीतिक सफलता पर भी ईरानी जनता को बधाई दी।

