नेतन्याहू कार्यालय के खुलासे से यूएई नाराज़, इज़राइल को भेजा कड़ा विरोध संदेश
संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और इज़राइल के बीच संबंधों में एक बार फिर तनाव की खबर सामने आई है। इज़राइली चैनल i24NEWS की रिपोर्ट के अनुसार, इज़राइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu के कार्यालय द्वारा उनकी मार्च महीने की अबू धाबी यात्रा से जुड़ी जानकारी सार्वजनिक किए जाने के बाद यूएई सरकार ने तेल अवीव को कड़ा विरोध संदेश भेजा है।
रिपोर्ट में बताया गया कि यूएई के अधिकारी इस खुलासे से बेहद नाराज़ हैं, क्योंकि खाड़ी देशों के साथ होने वाली कई उच्चस्तरीय बैठकों और यात्राओं को आमतौर पर गोपनीय रखा जाता है। अमीराती अधिकारियों का मानना है कि इस तरह की संवेदनशील जानकारियों को मीडिया में लाना आपसी भरोसे को नुकसान पहुंचाता है और राजनयिक संबंधों को प्रभावित करता है।
सूत्रों के मुताबिक, यह पहली बार नहीं है जब Benjamin Netanyahu के कार्यालय पर गोपनीय कूटनीतिक संपर्कों को सार्वजनिक करने का आरोप लगा हो। पहले भी कई मौकों पर इज़राइली मीडिया में ऐसी जानकारियाँ सामने आई थीं, जिनसे अरब देशों में असहजता पैदा हुई थी।
i24NEWS ने एक जानकार सूत्र के हवाले से दावा किया कि यही वजह है कि पिछले कुछ वर्षों से नेतन्याहू को यूएई की आधिकारिक यात्रा के लिए आमंत्रित नहीं किया गया। यूएई नेतृत्व नहीं चाहता कि पर्दे के पीछे चल रही कूटनीतिक बातचीत या मुलाकातें सार्वजनिक विवाद का कारण बनें।
विशेषज्ञों का मानना है कि हालांकि अब्राहम समझौते के बाद यूएई और इज़राइल के संबंधों में तेजी से सुधार हुआ था, लेकिन गाज़ा युद्ध और क्षेत्रीय तनाव के बाद दोनों देशों के रिश्तों में सावधानी और दूरी बढ़ती दिखाई दे रही है।

