Site icon ISCPress

हिज़्बुल्लाह के निशस्त्रीकरण की मांग, इज़रायली शासन की मांग है: अंसारुल्लाह

हिज़्बुल्लाह के निशस्त्रीकरण की मांग, इज़रायली शासन की मांग है: अंसारुल्लाह

अंसारुल्लाह आंदोलन के राजनीतिक कार्यालय के सदस्य, मोहम्मद अल-फरह ने कहा: “हिज़्बुल्लाह को निशस्त्र करने की बात करना, फिलिस्तीन को निशस्त्र करने की बात करने जैसा है। यह एक इज़रायली मांग है, जिसका लेबनान या फिलिस्तीन के लिए किसी भी प्रकार का राष्ट्रीय लाभ नहीं है।”

उन्होंने आगे कहा:

“वे अरब जो इस योजना को दोहराते हैं, वे दरअसल अमेरिका की नीतियों को आसान बना रहे हैं ताकि इज़रायल के हित में माहौल तैयार किया जा सके। इस तरह दुश्मन को क्षेत्र में हर चीज़ जायज़ ठहराने का मौका मिल जाता है और कोई उसे रोकने वाला नहीं रहता, जिससे लेबनान और फिलिस्तीन ऐसी स्थिति में पहुँच सकते हैं जहाँ उनके पास कोई शक्ति न बचे।”

हिज़्बुल्लाह के FPV ड्रोन का मुकाबला करने में इज़रायली सेना की अक्षमता

हिब्रू भाषा के अख़बार “हारेट्ज़” ने रिपोर्ट दी है कि हालिया झड़पों में एक नए प्रकार के आत्मघाती ड्रोन सामने आए हैं, जिन्हें फाइबर-ऑप्टिक FPV तकनीक से नियंत्रित किया जाता है और वे इलेक्ट्रॉनिक युद्ध तथा जैमिंग (सिग्नल बाधा) के प्रयासों के खिलाफ़ प्रभावी हैं।

अख़बार के अनुसार, इन ड्रोन के उपयोग से हिज़्बुल्लाह को उस बढ़त पर काबू पाने में मदद मिल सकती है, जिसे इज़ कैबिनेट और सुरक्षा तंत्र लेबनान में नया सुरक्षा क्षेत्र (सिक्योरिटी बेल्ट) बनाकर हासिल करना चाहते थे।

Exit mobile version