सऊदी अरब ने मआरिब के अपने समर्थित गवर्नर को चेतावनी दी
मआरिब, उत्तरी यमन में सऊदी अरब का आखिरी गढ़, सऊदी नेतृत्व की चिंता का केंद्र बन गया है। यह चिंता अब सऊदी समर्थित गवर्नर को खुलेआम धमकी देने और मोहम्मद बिन सलमान के क़रीबी लोगों की ओर से उन्हें ‘शारीरिक रूप से ख़त्म’ करने की चेतावनी देने तक पहुंच गई है।
यमन के तेल समृद्ध प्रांत मआरिब में सैन्य और ज़मीनी हालात तेज़ी से बदल रहे हैं। इसी बीच, सऊदी अरब ने आज अनौपचारिक रूप से धमकी भरे अंदाज़ में मआरिब के अपने समर्थित गवर्नर सुल्तान अल-अरादा को चेतावनी दी है।
पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर सऊदी यूज़र्स और विश्लेषक मआरिब शहर की स्थिति पर विशेष ध्यान दे रहे हैं। वे इस शहर के हाथ से निकलने की आशंका को लेकर चिंता जता रहे हैं। मआरिब को उत्तरी यमन में सऊदी अरब से जुड़े बलों का आखिरी गढ़ माना जाता है।
इसी बीच, सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के क़रीबी माने जाने वाले पत्रकार शाए अल-मर्जूकी ने सुल्तान अल-अरादा को अब तक की एक अभूतपूर्व धमकी दी है। मर्जूकी ने अल-अरादा को चेतावनी देते हुए कहा कि वे वही ग़लती न दोहराएं, जो उनके अनुसार पश्चिमी तटीय क्षेत्र में तारिक़ सालेह ने की थी। इसके साथ ही उन्होंने अल-अरादा को ‘शारीरिक रूप से ख़त्म किए जाने’ की धमकी भी दी।
मर्जूकी ने कहा:
“मुझे उम्मीद है कि पश्चिमी तटीय क्षेत्र में तारिक सालेह ने जो ग़लती की थी, वही ग़लती मआरिब में सुल्तान अल-अरादा नहीं दोहराएंगे। वायुसेना उपलब्ध है और ज़मीनी बल भी अपनी-अपनी चौकियों पर तैनात हैं। ऐसे में मआरिब के पतन का क्या औचित्य हो सकता है? सिवाय इसके कि वह अंदरूनी तौर पर बिखर जाए। हालांकि, मैं ऐसा होने को असंभव मानता हूं, क्योंकि हालात पर निगरानी रखी जा रही है और हर गतिविधि पर नजर है।”
सऊदी अरब की ओर से दी जा रही ये धमकियां ऐसे समय में सामने आई हैं, जब इस तेल समृद्ध प्रांत में संघर्ष एक नए चरण में प्रवेश कर चुका है। पिछले कुछ दिनों की झड़पों में सना की सेनाओं ने शहर के उत्तरी और उत्तर-पश्चिमी मोर्चों पर महत्वपूर्ण बढ़त हासिल की है। उन्होंने रगवान और अल-कसारा के मोर्चों पर कई महत्वपूर्ण ठिकानों पर नियंत्रण कर लिया है। वहीं, शहर के केंद्र की ओर उनकी बढ़त जारी है।

