ईरान के आसमान में अमेरिकी F-35 लड़ाकू विमान को निशाना बनाया गया
अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, एक अत्याधुनिक अमेरिकी F-35 स्टील्थ लड़ाकू विमान उस समय निशाने पर आ गया जब वह ईरान के ऊपर एक संवेदनशील सैन्य मिशन को अंजाम दे रहा था। बताया जा रहा है कि मिशन के दौरान विमान को किसी अज्ञात हमले या तकनीकी क्षति का सामना करना पड़ा, जिसके बाद उसकी स्थिति गंभीर हो गई।
सीएनएन ने दो जानकार सूत्रों के हवाले से बताया कि विमान को नुकसान पहुंचने के बाद पायलट ने तत्काल स्थिति को संभालते हुए नजदीकी अमेरिकी सैन्य अड्डे की ओर रुख किया। हालात की गंभीरता को देखते हुए विमान की सुरक्षित लैंडिंग के लिए इमरजेंसी प्रोटोकॉल लागू किया गया।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के प्रवक्ता ने पुष्टि की कि यह पांचवीं पीढ़ी का स्टील्थ विमान एक “कॉम्बैट मिशन” पर था। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि विमान को किस प्रकार का नुकसान हुआ—क्या वह दुश्मन की मिसाइल या एयर डिफेंस सिस्टम का निशाना बना, या फिर कोई तकनीकी खराबी थी।
प्रवक्ता हॉकिन्स के अनुसार, पायलट ने कुशलता से विमान को सुरक्षित उतार लिया और फिलहाल वह सुरक्षित है। घटना के बाद संबंधित सैन्य एजेंसियों ने जांच शुरू कर दी है, जिसमें यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि हमले की प्रकृति क्या थी और सुरक्षा में कहीं कोई चूक तो नहीं हुई।
रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वास्तव में F-35 जैसे अत्याधुनिक स्टील्थ विमान को निशाना बनाया गया है, तो यह क्षेत्र में वायु रक्षा क्षमताओं और सैन्य संतुलन के लिहाज से एक महत्वपूर्ण संकेत हो सकता है। हालांकि, अभी तक इस घटना को लेकर आधिकारिक तौर पर सीमित जानकारी ही साझा की गई है और कई पहलू जांच के बाद ही साफ हो पाएंगे।

