अल-जूलानी ने सीरिया में इज़रायली कार्यालय खोलने की मंजूरी दी
इज़रायली सूत्रों के अनुसार, सीरियाई विद्रोही नेता अबू मोहम्मद अल-जूलानी ने दमिश्क में इज़रायल का संपर्क कार्यालय खोलने की अनुमति दे दी है। फ़ार्स अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी की रिपोर्ट में बताया गया है कि, अल-जूलानी, जो सीरिया पर नियंत्रण रखने वाले विद्रोहियों के नेता हैं, उन्होंने इस प्रस्ताव को मंजूरी दी है।
सूत्रों के अनुसार, दमिश्क़ ने उस सुरक्षा पहल का स्वागत किया है जिसे अमेरिका के समर्थन और इज़रायल के समन्वय में लागू किया जा रहा है। इस पहल में एक साझा सुरक्षा और सैन्य सहयोग प्रणाली बनाने की योजना है, जिसका उद्देश्य दक्षिण सीरिया में स्थिरता बढ़ाना, गैरकानूनी समूहों का मुकाबला करना और सीरिया-अमेरिका संबंधों को मजबूत करना बताया गया है।
i24NEWS वेबसाइट ने अल-जूलानी के करीबियों के हवाले से लिखा कि, दशकों तक दमिश्क़ और तेल अवीव के बीच रिश्तों में कटुता रही, लेकिन अब सीरिया इज़रायल के कार्यालय के लिए आपत्ति नहीं कर रहा, हालांकि इसे कोई कूटनीतिक दर्जा नहीं मिलेगा। रिपोर्ट के अनुसार, इज़रायल ने वाशिंगटन से कहा कि, दमिश्क़ और सीरियाई लोकतांत्रिक बलों (SDF) के बीच अलग सुरक्षा समझौते को स्थगित किया जाए ताकि सीरिया सरकार के साथ सीधे समन्वय का समय मिल सके।
यह विकास अमेरिका की मध्यस्थता में पेरिस में हुई बैठक के बाद हुआ, जिसमें सीरियाई और इज़रायली अधिकारियों ने एक साझा संपर्क प्रणाली बनाने पर सहमति जताई। यह प्रणाली सुरक्षा जानकारी साझा करने, सैन्य तनाव कम करने, कूटनीतिक बातचीत और व्यापारिक अवसरों की जांच जैसी गतिविधियों को शामिल करेगी।
दमिश्क़ और तेल अवीव के बीच नई बातचीत में वरिष्ठ राजनीतिक और सुरक्षा अधिकारियों ने भाग लिया और अमेरिका ने मध्यस्थता की। प्रारंभिक समझौता सुरक्षा जानकारी साझा करने और सैन्य तनाव कम करने की साझा प्रणाली बनाने पर हुआ।
इन वार्ताओं का दायरा अब गैर-सैनिक क्षेत्रों जैसे चिकित्सा, कृषि और ऊर्जा तक भी फैलाया गया है। दोनों पक्षों ने आर्थिक अवसरों और दीर्घकालिक सहयोग को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। हालांकि, जानकारों के अनुसार कई मुद्दे अभी शुरुआती चरण में हैं और इन पर और बातचीत की आवश्यकता है।

