ईरान के विदेश मंत्रालय के कानूनी और अंतरराष्ट्रीय मामलों के उपमंत्री काज़िम ग़रीबाबादी ने सोशल मीडिया पर कहा है कि हुर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से सुरक्षित और निर्बाध समुद्री आवागमन तभी संभव है जब इसमें ईरान की सहमति और उसकी भूमिका को ध्यान में रखा जाए।
उन्होंने कहा कि अगर इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग के लिए कोई अस्पष्ट व्यवस्था बनाई जाती है, या ऐसे वैकल्पिक रास्ते तय किए जाते हैं जिनमें ईरान की राय शामिल नहीं होती, तो उस स्थिति में सुरक्षित मार्ग की गारंटी नहीं दी जा सकती।
ईरान का कहना है कि किसी भी वैध और स्वीकार्य ढांचे को ईरान के साथ समन्वय और “इस्लामाबाद समझौते” के अनुच्छेद 5 के सिद्धांतों पर आधारित होना चाहिए।
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ऐसा नहीं किया गया, तो इसका परिणाम यह हो सकता है कि तय किए गए वैकल्पिक मार्ग प्रभावी रूप से काम नहीं कर पाएं।
ईरानी राजनयिक के इस बयान को क्षेत्रीय समुद्री सुरक्षा और हुर्मुज जलडमरूमध्य में आवागमन से जुड़े तनाव के संदर्भ में देखा जा रहा है।

