Site icon ISCPress

प्रशांत किशोर और सुनेत्रा पवार की मुलाकात को सुप्रिया सुले ने बताया निजी मामला

प्रशांत किशोर और सुनेत्रा पवार की मुलाकात को सुप्रिया सुले ने बताया निजी मामला

जन सुराज पार्टी के प्रमुख और राजनीतिक रणनीतिकार प्रशांत किशोर की महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री और एनसीपी (अजित पवार) की प्रमुख सुनेत्रा पवार तथा सांसद पार्थ पवार से मुलाकात के बाद राज्य की राजनीति में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। इस मुलाकात को लेकर राजनीतिक हलकों में कयास लगाए जा रहे हैं कि महाराष्ट्र में कोई नया राजनीतिक समीकरण या चुनावी रणनीति आकार ले सकती है।

इसी बीच एनसीपी (शरद पवार) की कार्यकारी अध्यक्ष और सांसद सुप्रिया सुले ने प्रशांत किशोर और सुनेत्रा पवार की मुलाकात पर प्रतिक्रिया देते हुए इसे उनका व्यक्तिगत मामला बताया है। उन्होंने कहा कि सुनेत्रा पवार और उनका राजनीतिक समूह प्रशांत किशोर के साथ काम करना चाहता है या नहीं, यह उनका अपना फैसला है।

सुप्रिया सुले ने प्रशांत किशोर के साथ अपने पुराने संबंधों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि प्रशांत किशोर उनके अच्छे दोस्त हैं और वह उन्हें कई वर्षों से जानती हैं। सुले के मुताबिक, प्रशांत किशोर एक पेशेवर राजनीतिक रणनीतिकार हैं और अलग-अलग राजनीतिक दलों तथा संगठनों के लिए चुनावी रणनीति तैयार कर चुके हैं। इसलिए वह किस राजनीतिक दल के साथ काम करते हैं, इसे उनकी व्यक्तिगत दोस्ती से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।

सुप्रिया सुले ने प्रशांत किशोर के हालिया राजनीतिक काम की भी सराहना की। उन्होंने बिहार में उनके राजनीतिक प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने एक कठिन और बड़ी चुनौती के बीच अच्छा प्रदर्शन किया है। उन्होंने चुनावों में भारतीय जनता पार्टी की मजबूत चुनावी मशीनरी का भी उल्लेख किया और कहा कि किसी चुनाव की वास्तविक तस्वीर केवल बड़े नेताओं की रैलियों और भाषणों से सामने नहीं आती। बूथ स्तर पर संगठन और कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन भी चुनावी सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

सुप्रिया सुले ने बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में प्रशांत किशोर के प्रदर्शन को भी बड़ी चुनौती के बीच हासिल की गई सफलता बताया। उनके बयान से संकेत मिलता है कि वह प्रशांत किशोर के राजनीतिक फैसलों को लेकर सार्वजनिक रूप से कोई विवाद खड़ा करने के बजाय उनके पेशेवर काम और व्यक्तिगत संबंधों को अलग-अलग देखती हैं।

फिलहाल, प्रशांत किशोर और सुनेत्रा पवार की मुलाकात ने महाराष्ट्र की राजनीति में नए समीकरणों को लेकर चर्चाओं को जरूर तेज कर दिया है।

Exit mobile version