बाब अल-मंदब में अल-अरदी बंदरगाह क्षेत्र पर यमनी सेना का क़ब्ज़ा: रिपोर्ट
ईरानी समाचार एजेंसी तस्नीम ने सना में अपने संवाददाता के हवाले से बताया है कि यमनी सशस्त्र बलों ने बाब अल-मंदब जलडमरूमध्य में स्थित महत्वपूर्ण अल-अरदी बंदरगाह क्षेत्र पर नियंत्रण कर लिया है।
रिपोर्ट के अनुसार, गुरुवार को हुई इस कार्रवाई के बाद यमनी सशस्त्र बलों का यमन के उस समुद्री तट पर नियंत्रण हो गया है, जो रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण बाब अल-मंदब जलडमरूमध्य की ओर खुलता है। इससे सऊदी समर्थित भाड़े के लड़ाकों से मुक़ाबला कर रही यमनी सेनाओं को लाल सागर और अदन की खाड़ी के बीच होने वाले समुद्री यातायात पर अधिक प्रभाव डालने का अवसर मिल सकता है।
अल-अरदी पर क़ब्ज़े को यमन के पश्चिमी तट पर सऊदी समर्थित भाड़े के लड़ाकों के ख़िलाफ़ चलाए गए तेज़ और सफल सैन्य अभियान की महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया जा रहा है।
बाब अल-मंदब जलडमरूमध्य, जिसका अरबी अर्थ “आंसुओं का द्वार” है, पर नियंत्रण सना सरकार को लाल सागर में प्रवेश करने और वहां से बाहर निकलने वाले समुद्री यातायात पर महत्वपूर्ण रणनीतिक बढ़त प्रदान करता है।
इस घटनाक्रम से सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन के साथ जारी युद्ध में यमन की स्थिति काफी मजबूत हुई है। साथ ही, यह यमन की “घेराबंदी के बदले घेराबंदी” की नीति को भी मज़बूती देता है। इस नीति का उद्देश्य रियाद द्वारा यमन पर लगाए गए लगभग एक दशक लंबे नाकेबंदी और दबाव का जवाब देना है।
यह रणनीतिक सफलता यमनी सशस्त्र बलों के व्यापक और कई मोर्चों पर चलाए जा रहे सैन्य अभियान का हिस्सा है। इस अभियान के दौरान यमन के पश्चिमी तट पर सऊदी समर्थित लड़ाकों की कई रक्षात्मक पंक्तियां ढह गई हैं।
पिछले कुछ दिनों में यमनी सैनिकों ने कई महत्वपूर्ण सैन्य सफलताएं हासिल करने का दावा किया है। उन्होंने हैस और अल-ख़ौख़ा के महत्वपूर्ण इलाकों पर कब्ज़ा कर लिया, तटीय शहर यख़्तुल को अपने नियंत्रण में ले लिया और रणनीतिक मोख़ा बंदरगाह के बाहरी इलाकों तक आगे बढ़ गए हैं।
इस बीच, यमनी सशस्त्र बलों ने सऊदी अरब की हवाई बमबारी में भारी बढ़ोतरी की भी जानकारी दी है। यमनी पक्ष के अनुसार, रियाद ने केवल 24 घंटे के भीतर यमन के चार प्रांतों में 64 हवाई हमले किए।
यमनी सशस्त्र बलों के सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल याह्या सरी के अनुसार, यह भारी बमबारी सऊदी एफ-15 और यूरोफाइटर टाइफून लड़ाकू विमानों द्वारा की गई। इन विमानों ने ताइफ़ स्थित किंग फ़हद एयर बेस और ख़मीस मुशैत स्थित किंग ख़ालिद एयर बेस से उड़ान भरी।
भारी हवाई हमलों में ताइज़, अल-हुदैदाह, मारिब और अल-जौफ़ प्रांतों को निशाना बनाया गया। यह हमले युद्ध से बुरी तरह प्रभावित यमन के खिलाफ जारी हमलों के सिलसिले का हिस्सा बताए गए हैं।
इतनी बड़ी संख्या में हवाई हमलों के बावजूद, यमनी वायु रक्षा इकाइयों ने ताइज़ प्रांत में ज़मीन पर एक महत्वपूर्ण सामरिक सफलता हासिल करने का दावा किया।
जनरल याह्या सरी ने कहा कि, यमनी सशस्त्र बलों ने स्थानीय स्तर पर निर्मित मिसाइलों की भारी बौछार का इस्तेमाल करते हुए आगे बढ़ रहे दुश्मन के सैन्य दस्ते को सफलतापूर्वक रोक दिया और उसके हमले को नाकाम कर दिया।

