वॉशिंगटन : अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय (ICC) को लेकर तीखा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका अपने सभी उपलब्ध साधनों और सहयोगी देशों के साथ मिलकर अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय को समाप्त करने की दिशा में काम करेगा। रुबियो ने यहां तक कहा कि जरूरत पड़ी तो इस संस्था को बिल्कुल जड़ से उखाड़ दिया जाएगा।
रुबियो का आरोप है कि ICC को वामपंथी गैर-सरकारी संगठनों (NGOs) और कुछ विकासशील देशों का समर्थन प्राप्त है, जो अमेरिका के खिलाफ एकजुट होकर काम कर रहे हैं। उनके अनुसार, यह अदालत हथियारों से तो नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय कानून के जरिए अमेरिका को निशाना बना रही है।
उन्होंने कहा कि अमेरिका द्वारा प्रवासियों को अल सल्वाडोर भेजने और कथित मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ की गई समुद्री सैन्य कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताने वाले तथ्य गलत हैं।
इसके अलावा, रुबियो ने उस मांग को भी खारिज कर दिया जिसमें अंतरराष्ट्रीय न्यायालय से अमेरिका पर ईरान के खिलाफ जघन्य युद्ध अपराधों की जांच शुरू करने का अनुरोध किया गया था।
गौरतलब है कि अमेरिका और अंतरराष्ट्रीय न्यायालय के बीच तनाव कोई नया नहीं है। डोनाल्ड ट्रंप के पहले कार्यकाल के दौरान भी अफगानिस्तान में अमेरिकी सैनिकों द्वारा जघन्य युद्ध अपराधों की जांच की कोशिशों के बाद अमेरिका ने इस अदालत की तीखी आलोचना की थी। वहीं ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में अमेरिका ने आईसीसी के कुछ अधिकारियों पर प्रतिबंध भी लगाए थे, क्योंकि अदालत अमेरिका और इस्राईल से जुड़े मामलों की जांच आगे बढ़ा रही थी।

