बगदाद: इराक़ के हश्द अल-शाबी ने एक बयान जारी कर कहा है कि अमेरिका और सऊदी अरब द्वारा इराक़ की धरती पर किए गए हमले देश की राष्ट्रीय संप्रभुता का खुला और गंभीर उल्लंघन हैं। संगठन ने इन हमलों को आतंकवादी कार्रवाई बताते हुए उनकी कड़ी निंदा की है।
हश्द अल-शाबी के नीनवा प्रांत ऑपरेशन कमांड के अनुसार, नैनवा में उसके ठिकानों को निशाना बनाए जाने के बाद, प्रारंभिक रिपोर्ट में 8 लड़ाकों के शहीद होने और 4 अन्य के घायल होने की पुष्टि की गई थी।
इसके बाद संगठन ने एक नया बयान जारी कर बताया कि नैनवा प्रांत पर हुए कथित अमेरिका-सऊदी हमले में शहीदों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है, जबकि घायलों की संख्या 6 तक पहुँच गई है।
बाद में जारी एक अन्य बयान में हश्द अल-शाबी ने कहा कि प्रारंभिक सूचनाओं के अनुसार, अमेरिका और सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन के कथित आतंकवादी हमले में कम-से-कम 20 मुजाहिद शहीद हुए हैं, जबकि 32 अन्य घायल हुए हैं।
हश्द अल-शाबी ने इस हमले को इराक़ की संप्रभुता का घोर उल्लंघन बताते हुए कहा कि इस प्रकार की कार्रवाइयाँ क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता के लिए गंभीर खतरा हैं। संगठन ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इस घटना पर ध्यान देने और इराक़ की संप्रभुता के सम्मान की मांग भी की।
इराक़ी जनता ने लगाया नारा: “आले सऊद मुर्दाबाद, अमेरिका मुर्दाबाद”
अमेरिका और सऊदी अरब द्वारा किए गए हमले में अल-हश्द अल-शाबी के लड़ाकों की शहादत के बाद, इराक़ के मोसुल शहर स्थित अल-हमदानिया अस्पताल के बाहर बड़ी संख्या में लोगों ने एकत्र होकर “आले सऊद मुर्दाबाद, अमेरिका मुर्दाबाद” के नारे लगाए।
प्रदर्शनकारियों ने इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए इसे इराक़ की संप्रभुता और उसकी सुरक्षा बलों के विरुद्ध एक अन्यायपूर्ण एवं आक्रामक कार्रवाई बताया।

